नरवल तहसील में तैनात लेखपाल मोहित सचान थाना बिधनू में अपराध संख्या 395/18 सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने में अभियुक्त हैं
कानपुर - लेखपाल मोहित सचान भ्रष्टाचार में संलिप्त होने का मामला प्रकाश में आने के बावजूद जिलाधिकारी कानपुर नगर की भ्रष्ट लेखपाल के खिलाफ कोई भी प्रतिक्रिया अभी तक सामने नहीं आई है बताते चलें कि इससे पहले पूर्व में कानपुर जिले में तैनात रही जिलााधिकारी नेहा शर्मा ने नरवल के नगवां गांव में तैनात लेखपाल मोहित सचान पर जमीन संबंधित भ्रष्टाचार से संलिप्त पाए जाने पर जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने सस्पेंड कर दिया था। बता दें कि शनिवार को नरवल समाधान दिवस के मौके पर जिलाधिकारी कानपुर नेहा शर्मा की अध्यक्षता में पीड़ित की शिकायत के बाद लेखपाल मोहित सचान को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड किया गया था। एक तरफ योगी सरकार ने 2020, में एक बड़ी कार्यवाही करते हुए उत्तर प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ (Action Against Corruption) सरकार का एक्शन जारी रखा था. भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति का पालन करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने मेरठ (Meerut) की सरधना तहसील में तैनात रहे उपजिलाधिकारी कुमार भूपेंद्र सिंह (SDM Bhupendra Singh) के डिमोशन (Demotion) का फरमान सुना दिया है. सीएम ने भूपेंद्र सिंह को उपजिलाधिकारी के पद से तहसीलदार (Tehsildar) के पद पर डिमोट करने का आदेश दिया है. कुमार भूपेन्द्र वर्तमान में मुजफ्फरनगर जिले में तैनात थे। वही आज कानपुर नगर के डीएम ने नरवल तहसील में तैनात लेखपाल मोहित सचान थाना बिधनू में अपराध संख्या 395/18 सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने में अभियुक्त हैं तथा अपनी पत्नी, सास, ससुर के नाम जमीन खरीद-फरोख्त कर बड़ी मात्रा में लैंड यूज़ परिवर्तन कराकर राजस्व विभाग को जानबूझकर नुकसान पहुंचाने के संबंध में आज तक कोई बडी कार्यवाही करने को क्यों नहीं सोच रहे हैं सिर्फ उसी तहसील में उनका क्षेत्र बादल दिया है नियम अनुसार उनको दुसरी तहसील में कर देना चाहिए था पर ऐसा लगता है कि कानपुर डीएम उनको बचाना चाहते हैं।


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