थायराइड मरीज के गले की गांठ का सफल आपरेशन कर इतिहास रचा चिकित्सीय टीम ने
0 लोगों की आशा, उम्मीदों पर खरे उतरे मेडीकल कालेज के प्रधानाचार्य के भगीरथी प्रयास
उरई(जालौन)। राजकीय मेडिकल कालेज जालौन उरई में 10 अक्टूबर 2022 को प्रधानाचार्य डा. द्विजेन्द्र नाथ के अथक प्रयासों के फलस्वरूप चिकित्सकीय टीम द्वारा पहली बार 43 वर्षीय महिला श्रीमती पुष्पा पत्नी अरूण कुमार पता पठानपुरा, राठ, जिला हमीरपुर के गले में बनी गांठ (थायराइड ट्यूमर) का सफल आपरेशन किया गया। मेडिकल कालेज में पहली बार इस प्रकार के जटिल आपरेशन को सफल किया। जबकि इससे पहले मरीज आपरेशन के लिए हायर सेंटरों में रेफर हुआ करते थे। चिकित्सकीय टीम में डा. जयपाल सहायक आचार्य, ईएनटी विभाग, डा. रवीन्द्र राजपूत मेडिकल आफीसर, डा. रतिभान सिंह सीनियर रेजीडेन्ट के साथ ही एनेस्थीसिया विभाग से डा. सुनित सचान सह-आचार्य, एनेस्थीसिया विभाग के साथ चिकित्सकीय टीम के संयुक्त प्रयास से मरीज के गले की गांठ का आपरेशन किया गया। मरीज को गले की गांठ की वजह से लम्बे समय से खाना खानें और सांस लेनें में अत्यधिक कठिनाई का सामना करना पड़ रहा था। गले की गांठ मरीज की सांस की नली (ट्रेकिया) पर दबाव बना रही थी। आपरेशन के दौरान मरीज को कम से कम जटिलता हुई। उनकी नसें और ग्रंथि स्पष्ट दिखाई दे रही थी। मरीज की वोकल कार्ड का विशेष ध्यान रखा गया, जरा सी भी चूक से मरीज की आवाज जा सकती थी। हालांकि एनेस्थीसिया की टीम नें पूरी सावधानी, सतर्कता एवं सूझबूझ के साथ मरीज को बेहोशी की दवा दी। आपरेशन के बाद मरीज की श्वास नली सीधी हो गयी थी। मरीज को सांस लेनें में अब आसानी हो रही है। मरीज अब पूरी तरह स्वस्थ व खतरे से बाहर है। आपरेशन के दौरान चिकित्सकीय टीम के साथ नर्सिंग स्टाफ में सुश्री प्रतिभा, सुश्री मोनू देवी एवं सुश्री महक भी मौजूद रहीं। प्रधानाचार्य नें मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. जीएस चौधरी सहित चिकित्सकीय टीम को साहसिक व सफल आपरेशन हेतु शुभकामनायें दी।


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