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13/09/2020

संवासिनी-दो बालिकाओं से एक मिली इटावा मजिस्ट्रेट जांच में पाँच होमगार्ड पर विधिक कार्यवाही



  • पुलिस को दो बालिकाओं में से एक शनिवार को देर रात इटावा से मिली और दूसरे की तलाश में पुलिस अभी भी जुटी हुई है. दृष्टिगत इन पांच महिला होमगार्ड के विरुद्ध सख्त विधिक कार्यवाही हेतु जिला कमाण्डेन्ट होमगार्ड को निर्देशित किया गया


कानपुर: नौ सितंबर को स्वरूप नगर स्थित संवासिनी और बालिका गृह से दो नाबालिग लड़कियों के चले जाने का मामला सामने आया था. यह लड़कियां आगरा और जसवंत नगर में दर्ज मुकदमों में मिली थीं. यह दोनों बालिका अभी चार सितंबर को ही लाई गईं थीं और अब इनके चल जाने की खबर से बालिका गृह में हड़कंप मचा हुआ था.


पुलिस को दो बालिकाओं में से एक शनिवार को देर रात इटावा से मिली और दूसरे की तलाश में पुलिस अभी भी जुटी हुई है. कानपुर पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर थाना किशनी क्षेत्र में कुसमरा चौराहा टावर रोड जनपद मैनपुरी के पास से शनिवार को एक बालिका को ढूंढ निकाला है. बातचीत में बालिका ने बताया कि वह राजकीय बालिका गृह से स्वेच्छा से अपनी सहेली के साथ चली गई थी. पुलिस बालिका को अपने साथ दोबारा राजकीय बाल गृह स्वरूप नगर लाई है.


आपको बता दें कि कानपुर का राजकीय बालिका गृह लगातार सुर्खियों में बना रहता है. इस मामले में विभाग ने कार्रवाई करते हुए चार महिला होमगार्डों को निलंबित कर दिया है. वहीं पुलिस लगातार दोनों बालिकाओं की तलाश में जुटी हुई थी, जिसमें पुलिस ने एक बालिका को ढूंढ लिया है. वहीं पुलिस अभी भी दूसरे की तलाश में जुटी हुई है. । उक्त घटना की जांच अपर नगर मजिस्ट्रेट (षष्टम) कानपुर से करायी गयी थी। उनकी जांच में यह पाया गया कि महिला होमगार्ड मंजू लता, मनोरमा, निशा, रत्नेश एवं माया सैनी की लापरवाही है। जिसके दृष्टिगत इन पांच महिला होमगार्ड के विरुद्ध सख्त विधिक कार्यवाही हेतु जिला कमाण्डेन्ट होमगार्ड को निर्देशित किया गया। साथ ही राजकीय बाल गृह (बालिका) कानपुर में संविदा महिला सुरक्षाकर्मी हेमलता के द्वारा  लापरवाही के कारण भी उक्त दोनों बालिकाएं गायब हो गयी।  उन्होंने जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देशित किया गया कि संविदा महिला सुरक्षा कर्मी हेमलता की संविदा समाप्त कर दी गयी। राजकीय बाल गृह (बालिका) स्वरूप नगर से निकाल दिया जाये। जिलाधिकारी ने 10 दिसंबर 2020 को राजकीय  बाल गृह (बालिका) से गायब हुई दो बालिकाओं के संबंध में निदेशक महिला कल्याण विभाग, उत्तर प्रदेश लखनऊ को पत्र लिखकर अधीक्षिका उर्मिला गुप्ता की भी लापरवाही के दृष्टिगत उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनिक कार्यवाही कराने के लिए पत्र भेजा।


जिलाधिकारी ने जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि राजकीय बाल गृह (बालिका) स्वरूप नगर कानपुर में सुरक्षा के दृष्टिगत उसे और  ऊंचा करते हुए, चार दीवारी में जाल लगवाकर, सीसीटी वीप कैमरो की संख्या बंधवाए, यथा  सुरक्षा के पुख्ता इंतेजाम किये जायें। उक्त कार्य 15 दिनों में पूर्ण  प्रत्येक स्थिति में पूर्ण कराने के लिए निर्देशित किया।जिलाधिकारी ने पुलिस उप महानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कानपुर से अनुरोध करते हुए कहा कि राजकीय बाल गृह (बालिका) स्वरूप नगर में सुरक्षा के दृष्टिगत बीट महिला कांस्टेबल की ड्यूटी लगयी जाये।





 


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