- मसवानपुर में जलेश्वर मंदिर के पीछे करीब आधा किलोमीटर तक फैली नर्सरी है. पिछले दो दिनों से यहां पर एक लकड़बग्घे के कदमों के निशान देखे गए हैं मौके पर वन विभाग की टीम भी यहां पर पहुंची
कानपुर। कल्यानपुर के मसवानपुर क्षेत्र में पिछले दो दिनों से एक लकड़बग्धे की दहशत यहां के लोगों पर दिख रही है. बताया जा रहा है कि मसवानपुर नर्सरी में ही यह लकड़बग्धा घूम रहा है और एक जानवर को भी इसने अपना शिकार बनाया है. यहीं लगे एक सीसीटीवी में लकड़बग्घा कैद भी हुआ है. लोगों की सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम अब उसकी तलाश कर रही है लेकिन उसे अभी सफलता हाथ नहीं लगी है मसवानपुर में जलेश्वर मंदिर के पीछे करीब आधा किलोमीटर तक फैली नर्सरी है. पिछले दो दिनों से यहां पर एक लकड़बग्घे के कदमों के निशान देखे गए हैं। नर्सरी का संचालन करने वाले राज वर्मा, स्थानीय निवासी सुनील कुशवाहा, सत्तीदीन, रजत सिंह ने बताया कि उन्होंने खुद अपनी आंखों से लकड़बग्घे को देखा है। इसकी वजह से आसपास के लोगों में दहशत है। मसवानपुर के अलावा आवास विकास एक के लोग भी दहशत के साए में जी रहे हैं. कोरोना के साथ अब इन लोगों को लकड़बग्घे की दहशत सता रही है। यही वजह है कि स्थानीय लोग हाथों में लाठी डंडा लेकर यहां पर चहलकदमी कर लकड़बग्घे पर नजर रख रहे हैं।
- वन विभाग की टीम भी पहुंची
लकड़बग्घे की दहशत की सूचना पाकर मौके पर वन विभाग की टीम भी यहां पर पहुंची. यहां पर भाजपा नेता और अकबरपुर के सांसद के मीडिया प्रभारी अशोक सिंह दद्दा ने वन विभाग की टीम को पूरे क्षेत्र की जानकारी देते हुए पूरी नर्सरी का भ्रमण कराया. इस दौरान एक-एक जगह का बारीक मुआयना किया. भाजपा नेता अशोक सिंह दद्दा ने कहा कि स्थानीय लोग सबसे ज्यादा इस बात से परेशान हैं कि घर के बाहर छोटे बच्चे भी खेलते हैं। ऐसे में लकड़बग्घा जनहानि भी पहुंचा सकता है। उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों से जल्द से जल्द लकड़बग्घे की तलाश करने को कहा। वन विभाग की तलाश मेे एक जानवर का क्षतविक्षत शव मिला है।

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