कोरोना से पूरा देश आज जूझ रहा है और संक्रमितो की संख्या निरंतर लगातार बड़ी तादाद में बढ़ रही हैं ऐसे में सरकार के शराब खाने खोलने का बड़ा फैसला समझ से परे है.! एक तरफ लॉक डाउन सोशल डिस्टेंसिंग का कर्फ्यू के साथ अनुपालन
दूसरी तरफ शराब खाने खोलने से मची हड़कंप से क्या साबित होता है जिसका प्रमाण परिणाम हम आपको दिखा रहे हैं यह तस्वीर गाँधी नगर की हैं जहां पर एक महिला अपने पति परमेश्वर को मनाते हुए घर ले जाने की कोशिश कर रही है और पतिदेव कोरोनावायरस को भूल नशे में धूत नजर आ रहे हैं महिला को बार-बार पुरुष झटक रहा है यह नजारा शहर और देश की हर गली में प्रणाम के रूप में आज आपको देखने को मिल जाएगा की शराब रोटी की जगह मिलने से जनता को कितना लाभ मिला और लोगों में कितनी खुशी है जो ऐसी गतिविधियों से प्रमाणित होता है !

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